भक्ति और आस्था का सैलाब: मां चामुण्डा देवी को रिझाने के लिए श्रद्धालुओं ने लगाई दूध-गंगाजल की धार
भक्ति और आस्था का सैलाब: मां चामुण्डा देवी को रिझाने के लिए श्रद्धालुओं ने लगाई दूध-गंगाजल की धार
पुरानी परंपरा के अनुसार पूरे मोहल्ले में बंद रहे चूल्हे और कारोबार, बच्चों और पशुओं को बीमारियों से मुक्ति के लिए की गई नगर परिक्रमा।
औरंगाबाद
स्थानीय मोहल्ला अजीजाबाद में गत वर्षों की भांति इस वर्ष भी धार्मिक श्रद्धा और उल्लास के साथ मां चामुण्डा देवी की विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया। क्षेत्र की सुख-समृद्धि, शांति और मवेशियों को बीमारियों से दूर रखने के संकल्प के साथ सैकड़ों श्रद्धालुओं ने माता रानी के गगनभेदी जयकारों के बीच पूरे नगर में दूध और गंगाजल की धार लगाकर परिक्रमा की।
चूल्हा-चक्की और कारोबार बंद रखने की है परंपरा
पुरानी मान्यताओं का निर्वहन करते हुए ‘जग्ग’ (यज्ञ) के विशेष दिन मोहल्ले के श्रद्धालुओं ने एक अनूठी मिसाल पेश की। इस दौरान सभी ग्रामीणों ने अपने-अपने घरों में चूल्हे-चक्की नहीं चलाए और अपने व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को भी पूरी तरह बंद रखा। सभी लोग अपने काम-काज छोड़ मां चामुण्डा देवी के मंदिर पहुंचे और सामूहिक रूप से धार की नगर परिक्रमा में शामिल हुए।
बीमारियों से मिलती है मुक्ति: महंत
मंदिर के महंत महेंद्र पाल शर्मा ने इस अनुष्ठान के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा, “मां चामुण्डा देवी की यह पारंपरिक धार लगाने से क्षेत्र के मासूम बच्चों और बेजुबान पशुओं को गंभीर बीमारियों से मुक्ति मिलती है और पूरे क्षेत्र पर माता रानी की कृपा बनी रहती है।”
खीर और दाल-चावल के महाप्रसाद का हुआ वितरण
विशेष पूजा-अर्चना, भव्य भोग और महाआरती के उपरांत मंदिर प्रांगण में विशाल भंडारे का आयोजन किया गया, जिसमें सैकड़ों श्रद्धालुओं को दाल-चावल और खीर का प्रसाद वितरित किया गया।
इस धार्मिक अनुष्ठान और व्यवस्थाओं को सफल बनाने में जीता सिंह ठेकेदार, सभासद सतीश लोधी, देवपाल लोधी, महीपाल सिंह, पंडित रविन्द्र शर्मा, अंकित लोधी, रामवीर सिंह उर्फ रामू, हीरा सिंह लोधी, तरूण भारद्वाज, चन्द्रपाल सिंह, डिगम्बर लोधी, सुनील कुमार लोधी, सुरेन्द्र सिंह (बेकरी वाले), राजेश कुमार और सतीश दिवाकर सहित दर्जनों श्रद्धालुओं का सराहनीय सहयोग रहा।
